अनछुए रहो, अडिग रहो

एक बात समझ लो अच्छे तरीके से: तुममें कोई कमी नहीं है| कोई भी तुम्हें ये जताने आये कि तुममें कोई कमी है, तो सुनो ही मत| कोई तुमसे अगर बोलने आए कि बी.टेक. कर लो वरना बेवक़ूफ़ रह जाओगे, तो भगा दो उसको| कोई बोले कि तुझे ऐसी ऐसी नौकरी नहीं मिली, तो तू बेवक़ूफ़ रह गया, तो भगा दो उसको|

सालाही सालाहि एती सुरति न पाईआ

सालाही सालाहि एती सुरति न पाईआ -नानक  अनुवाद: बिना बोध के सराहने से सुरति न सधेगी| वक्ता: उसका गौरव, उसकी गाथा, गा-गा कर भी, उसको

इश्क़ दी नवियों नवीं बहार- बुल्ले शाह

बुल्हे नूं समझावण आइयां बुल्हे नूं समझावण आइयां, भैणा ते भरजाइयां | टेक | “मन्न लै बुल्लिहआ साडा कहणा, छड दे पल्ला, राइयां, आल नबी औलादि

डर का मूल कारण

याद रखना, तुम कभी किसी व्यक्ति से नहीं डरते, कोई व्यक्ति तुम्हें कभी भी डरा नहीं सकता| तुम डरते हो अपनी सुविधाएं छिन जाने से| तुमने एक सौदा कर रखा है कि हमें कुछ चंद छोटी-मोटी सुविधाएं दे दो और उनके लिए हम अपनी स्वतंत्रता तुम्हें दे देते हैं|

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